राजस्थान सामान्य ज्ञान महत्वपूर्ण प्रश्न ras


*विषय-राजस्थान सामान्य ज्ञान*
01 राजस्थान के एकीकरण के किस चरण में प्रधानमंत्री के पद को समाप्त कर मुख्यमंत्री पद का सृजन किया गया?

षष्ट चरण

पंचम चरण

चतुर्थ चरण

तृतीय चरण
B✅

राजस्थान के एकीकरण के पंचम चरण (संयुक्त वृहद राजस्थान/United State of Greater Rajasthan) में प्रधानमंत्री के पद को समाप्त कर मुख्यमंत्री पद का सृजन किया गया।
02   किस रियासत के प्रधानमंत्री पर गांधीजी की हत्या के षड़यंत्र में शामिल होने के आरोप के कारण भारत सरकार को हस्तक्षेप करना पड़ा व रियासत का विलय कर लिया गया?

भरतपुर

जोधपुर

अलवर

बीकानेर

C✅
अलवर के शासक ने हिन्दू महासभा को अधिक महत्व देते हुए डॉ. एन. वी. खरे को प्रधानमंत्री नियुक्त कर दिया। डॉ. खरे कांग्रेस विरोधी थे। गाँधी जी की हत्या के बाद के छानबीन से यह बात सामने आयी कि उनके हत्यारे किसी न किसी रुप से अलवर से जुड़े थे। उनकी हत्या का षडयंत्र अलवर में ही रचा गया था। तथा डॉ. खरे का इसके पीछे सक्रिय हाथ था। डॉ. खरे की नियुक्ति तथा गाँधी जी को हत्या ने भारत सरकार को अलवर राज्य में हस्तक्षेप करने का अवसर प्रदान किया तथा भारत सरकार ने उसके प्रशासन को अपने अधीन कर लेने का निश्चय किया। भारत सरकार ने वी. पी. मेनन को परिस्थितियों का अध्ययन हेतु अलवर भेजा। मेनन के सुझाव से डॉ. खरे को पद से हटा दिया गया तथा सी. एन. वेंकटाचार्य को प्रशासक के रुप में नियुक्त कर दिया गया। 
03 कितनी देशी रियासतों के एकीकरण से आधुनिक राजस्थान राज्य का निर्माण हुआ?

18

19

23

24

B✅

स्वतंत्रता से पूर्व राजस्थान में 19 देसी रियासतें, 3 ठिकाने ( नीमराणा, कुशलगढ़ और लावा) व एक केन्द्रशासित प्रदेश अजमेर-मेरवाड़ा था। विभिन्न चरणों से गुजरते हुए राजस्थान निर्माण की प्रक्रिया 1 नवम्बर, 1956 को पूर्ण हुई और राजस्थान का वर्तमान स्वरूप अस्तित्व में आया |
04 राजस्थान के प्रथम मुख्यमंत्री थे?

शोभाराम कुमावत

प्रेमनारायण माथुर

हीरा लाल शास्त्री

माणिक्यलाल वर्मा

C✅

15 मई 1949 को प्रधानमंत्री के पद को समाप्त कर मुख्यमंत्री पद का सृजन किया गया।
05 क्रमश: संयुक्त राजस्थान और वृहत् राजस्थान के उद्घाटनकर्ता थे —

एन. वी. गाडगिल और सरदार वल्लभ भाई पटेल

पं. जवाहर लाल नेहरु और एन. वी. गाडगिल

पं. जवाहर लाल नेहरु और सरदार वल्लभ भाई पटेल

एन. वी. गाडगिल और पं. जवाहर लाल नेहरु

C✅

संयुक्त राजस्थान का उद्घाटन पंडित जवाहरलाल नेहरू द्वारा किया गया तथा भारत के तत्कालीन उप प्रधान मंत्री श्री सरदार वल्लभ भाई पटेल द्वारा जयपुर में वृहत् राजस्थान का विधिवत उद्घाटन किया गया।
06 राजस्थान संघ के निर्माण के समय किस देशी शासक ने अपनी रियासत के विलय पत्र पर हस्ताक्षर करते वक्त यह कहा की ‘मैं अपने डेथ वारंट पर हस्ताक्षर कर रहा हूँ’-
बाँसवाड़ा महारावल चंद्रवीर सिंह

धौलपुर के महाराजा उदयभान सिंह

कोटा महाराव भीम सिंह

मेवाड़ महाराजा भूपाल सिंह

A✅

बाँसवाड़ा के महारावल चन्द्रवीर सिंह ने विलय पत्र पर हस्ताक्षर करते समय कहा कि “मैं अपने डेथ वारंट पर हस्ताक्षर कर रहा हूँ”। उल्लेखनीय है कि बांसवाड़ा 

राजस्थान संघ (द्वितीय चरण) में 25 मार्च, 1948 को शामिल हुआ था।
07 पूर्व राजस्थान संघ (Rajasthan Union) का गठन कब किया गया?

17-03-1948

25-03-1948

18-04-1948

30-03-1949

B✅

राजस्थान संघ की स्थापना 25 मार्च 1948 को की गई। इसका उद्घाटन एन. वी. गाडगील द्वारा हुआ।
08 किस रियासत के शासक द्वारा विलय से पूर्व भारत विरोधी तथा पक्षपातपूर्ण नीतियों को अपनाते हुए 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस नहीं मनाया गया तथा समझौते के विरुद्ध अस्र-शस्र निर्माण का कारखाना स्थापित किया?

धौलपुर

बूंदी

झालावाड़

भरतपुर

D✅

भरतपुर के महाराजा ने १५ अगस्त को स्वत्रता दिवस नहीं मनाया। अपने राज्य के समाचार पत्रों को राष्ट्रीय नेताओं की आलोचना की अनुमति दी तथा जानबुझकर मुसलमानों को सताने की नीति अपनाई। राज्य में अस्र-शस्र निर्माण का कारखाना स्थापित किया जो कि समझौते के विरुद्ध था। ये अस्र-शस्र जाटों और राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के कार्यकर्त्ताओं बीच बाँटे गये तथा इस तरह राज्य ने साम्प्रदायिक गतिविधियों में भाग लिया। जाटों का पक्ष लेते हुए कई अन्य जातियों के प्रति अच्छा रवैया नहीं अपनाया। सैनिको को नियंत्रित व अनुशासित करने में असफल रहे। राजनैतिक अस्थिरता तथा तनाव के कारण भरतपुर के महाराजा को फरवरी 10, 1948 को दिल्ली बुलाया गया तथा सुझाव दिया गया कि वे भरतपुर राज्य का प्रशासन भारत सरकार के अधीन कर दे। 14 फरवरी 1948 को रायबहादुर सूरजमल के नेतृत्व में राज्य के मंत्रीमंडल ने त्यागपत्र दे दिया तथा एस. एन. सप्रू को भरतपुर राज्य का प्रशासक नियुक्त किया गया। बाद में भरतपुर के शासक को आरोप मुक्त कर दिया गया।
09 किस रियासत के शासक ने भोपाल के नवाब की ‘रुको और देखो की नीति’ का विरोध किया था?

मानसिंह द्वितीय (जयपुर)

बहादुरसिंह (बूंदी)

सार्दूलसिंह (बीकानेर)

भीम सिंह (कोटा)

C✅

देशी शासकों में संविधान सभा में प्रवेश के प्रश्न पर मतभेद था। बीकानेर के शासक सार्दूलसिंह ने भोपाल के नवाब की ‘रुको एवं देखो’ नीति का विरोध किया। उन्होने इस नीति को आत्मघाती बताया तथा देशी शासकों को रियासतों में उत्तरदायी सरकारों की स्थापना की आवश्यकता पर बल दिया। इस राजनैतिक परिस्थिति पर जादुई असर पड़ा तथा नरेन्द्र-मण्डल की स्थायी-समिति से कई शासको ने त्यागपत्र दे दिया।
10 राजस्थान के एकीकरण के किस चरण के निर्माण दिवस पर ‘राजस्थान—दिवस’ मनाया जाता है?

संयुक्त वृहद राजस्थान

संयुक्त राजस्थान

वृहद राजस्थान

पूर्व राजस्थान

C✅

30 मार्च 1949 को राजस्थान के एकीकरण का चतुर्थ चरण (वृहद राजस्थान/Greater Rajasthan) पूर्ण होने पर राजस्थान दिवस मनाना प्रारंभ किया गया।
11 कोटा के महाराव भीमसिंह कौनसे संघ का गठन चाहते थे?

कोटा संघ

राजस्थान संघ

यूनियन स्टेट

हाड़ौती संघ

D✅

कोटा के महाराव भीमसिंह हाड़ौती संघ का गठन करना चाहते थे किंतु टोंक (ठिकाना—लावा), बूंदी, कोटा, झालावाड़, शाहगढ़, प्रतापगढ़, डूंगरपुर, बांसवाड़ा (ठिकाना—कुशलगढ़) और किशनगढ़ को मिला कर पूर्व राजस्थान संघ गठित किया गया। यहां भीम सिंह (कोटा) को राजप्रमुख बनाया गया।

12 लावा व कुशलगढ़ ठिकानों को किस चरण में राजस्थान में एकीकृत किया गया —

प्रथम चरण

द्वितीय चरण

तृतीय चरण

चतुर्थ चरण

B✅

लावा व कुशलगढ़ ठिकानों को 25 मार्च 1948 को राजस्थान के एकीकरण के द्वितीय चरण (पूर्व राजस्थान/Rajasthan Union) में सम्मिलित किया गया।
14 स्वतंत्रता के समय राजस्थान किस श्रेणी का राज्य था?

उपर्युक्त में से कोई नहीं

‘ब’ श्रेणी

‘स’ श्रेणी

‘अ’ श्रेणी

B✅

1 नवम्बर 1956 को राजप्रमुख की जगह राज्यपाल का संवैधानिक पद सृजित किया गया तथा सातवें सविधान संशोधन द्वारा राज्यों की श्रेणियाँ भी समाप्त कर दी गई। उल्लेखनीय है कि राजस्थान इस समय तक ‘बी’ श्रेणी का राज्य था।
14  मत्स्य संघ के प्रधानमंत्री शोभाराम कुमावत संबंधित थे —

भरतपुर

करौली

अलवर

धौलपुर

C✅

अलवर प्रजामंडल के प्रमुख नेता शोभाराम कुमावत को मत्स्य संघ का प्रधानमंत्री बनाया गया था तथा को अलवर मत्स्य संघ की राजधानी।
15 किस समिति की सिफारिश पर मत्स्य संघ को वृहत राजस्थान में मिलाया गया?

पी. सत्यनारायण राव समिति

शंकरराव देव समिति

के. एम. मुंशी समिति

एन. वी. गाडगिल समिति

B✅

भारत सरकार ने शंकरराव देव समिति की सिफारिश को ध्यान में रखते हुए मत्स्य संघ को वृहत राजस्थान में मिला दिया।
16 माउन्ट आबू के राजस्थान में विलय में निम्न में से किसका महत्वपूर्ण योगदान था?

माणिक्यलाल वर्मा

गोकुल लाल ओसवा

गोकुल भाई भट्ट

शोभाराम कुमावत

C✅

नवम्बर 8, 1948 को एक समझौते के अन्तर्गत सिरोही को केन्द्रशासित राज्य बना दिया गया। सरदार पटेल ने चतुराई से सिरोही राज्य का विभाजन कर दिया जिसके अनुसार आबूरोड़ और दिलवाड़ा तहसील बंबई प्रांत में तथा शेष राज्य को राजस्थान में मिला दिया गया। इस निर्णय के विरुद्ध सिरोही में आन्दोलन शुरु हो गया जिसमें गोकुलभाई भट्ट तथा बलवन्त सिंह मेहता की महत्वपूर्ण भागीदारी थी।
17 निम्न में से कौनसी रियासत/ठिकाना/केन्द्रशासित प्रदेश राजस्थान के एकीकरण के प्रथम चरण में सम्मिलित था/थी —

लावा

अजमेर-मेरवाड़ा

कुशलगढ़

नीमराणा

D✅

राजस्थान के एकीकरण के प्रथम चरण (मत्स्य संघ—17 मार्च 1948) में सम्मलित रियासतें – अलवर, भरतपुर, करौली और धौलपुर तथा ठिकाना — नीमराणा था।
18 निम्न में से कौनसा एक पूर्व राजस्थान संघ में शामिल नहीं था?

बांसवाड़ा

प्रतापगढ़

डूंगरपुर

उदयपुर

D✅

बांसवाड़ा,बूंदी, डूंगरपुर, झालावाड़, कोटा, प्रतापगढ़, टोंक, किशनगढ़ व् शाहपुरा रियासत चीफशिप कुशलगढ़ को मिलाकर राजस्थान संघ का निर्माण किया गया था। पूर्व राजस्थान संघ में उदयपुर रियासत का विलय कर संयुक्त राजस्थान का निर्माण हुआ।

19 राजस्थान एकीकरण प्रकिया में सिरोही को राजस्थान में किस चरण में शामिल किया गया ?

तृतीय चरण

चतुर्थ चरण

षष्ट चरण

सप्तम चरण

C✅

राजस्थान के एकीकरण के षष्ट चरण (26 जनवरी 1950, राजस्थान संघ / United Rajasthan) में संयुक्त वृहद राजस्थान और सिरोही (आबू—देलवाड़ा छोड़कर) संगठित किए गए और राजस्थान का विधिवत नामकरण किया गया
20 किसके आग्रह पर राजस्थान के एकीकरण के प्रथम चरण में सम्मि​लित रियासतों को मत्स्य संघ का नाम दिया गया?

उदयभान सिंह

एन. वी. गाडगिल

शोभाराम कुमावत

के. एम. मुंशी

D✅

मत्स्य संघ का उद्घाटन केंद्रीय मंत्री एन. वी. गाडगिल द्वारा। महाराजा धोलपुर उदयभानसिंह को राजप्रमुख और अलवर प्रजामंडल के प्रमुख नेता शोभाराम कुमावत को मत्स्य संघ का प्रधानमंत्री बनाया गया। इसे मत्स्य संघ नाम श्री के. एम. मुंशी के आग्रह पर दिया गया।